अब शादी-विवाह एवं आयोजनों में न्यूनतम किराये पर मिलेंगे स्टील के बर्तन
अब शादी-विवाह एवं आयोजनों में न्यूनतम किराये पर मिलेंगे स्टील के बर्तन

दैनिक राजस्थान समाचार न्यूज संवाददाता प्रदीप कुमार शर्मा गढ़टकनेत – अजीतगढ़। “मेरा गांव, मेरा देश – प्लास्टिक मुक्त अभियान” के तहत पर्यावरण संरक्षण की दिशा में मूण्डरु ग्राम पंचायत ने एक अभिनव पहल करते हुए बर्तन बैंक की स्थापना की है। इस पहल से अब ग्रामीणों को शादी-विवाह एवं अन्य सामाजिक आयोजनों में न्यूनतम किराये पर स्टील के बर्तन उपलब्ध हो सकेंगे।
रविवार को आयोजित कार्यक्रम में श्रीमाधोपुर प्रधान रामकोरी यादव, सरपंच सुमित्रा देवी एवं उप सरपंच दिलीप सिंह ने फीता काटकर बर्तन बैंक का शुभारंभ किया। इस अवसर पर संयोजक रामावतार पारीक ने बताया कि सरकार की योजना के तहत सभी ग्राम पंचायतों में बर्तन बैंक खोले जा रहे हैं, ताकि प्लास्टिक के उपयोग पर अंकुश लगाया जा सके।
बर्तन बैंक की स्थापना जिला परिषद सीकर एवं पंचायत समिति श्रीमाधोपुर के सहयोग से की गई है। बैंक के संचालन की जिम्मेदारी लक्ष्मी माता स्वयं सहायता समूह को सौंपी गई है, जिसकी अध्यक्षा पूर्ण देवी एवं सचिव ममता देवी रहेंगी।
सरकार की ओर से बैंक को 400 थालियां, 1200 कटोरियां, 400 चम्मचें और 400 गिलास प्रारंभिक चरण में उपलब्ध कराए गए हैं। प्रत्येक सेट (1 थाली, 3 कटोरियां, 1 चम्मच व 1 गिलास) का किराया मात्र ₹3 प्रति दिन निर्धारित किया गया है।
प्रधान रामकोरी यादव ने अपने संबोधन में कहा कि “प्लास्टिक के स्थान पर स्टील व मिट्टी के बर्तनों का उपयोग ही पर्यावरण संरक्षण का सशक्त माध्यम है।” उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे हर आयोजन में प्लास्टिक का उपयोग पूरी तरह त्यागें और पर्यावरण अनुकूल जीवनशैली अपनाएं।
इच्छुक व्यक्ति राजीविका कार्यालय या समूह की महिलाओं से संपर्क कर निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार बर्तन प्राप्त कर सकते हैं।
मूण्डरु ग्राम पंचायत की यह पहल न केवल स्वच्छता और पर्यावरण सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, बल्कि महिला सशक्तिकरण और ग्रामीण आत्मनिर्भरता की ओर भी प्रेरणादायक उदाहरण बनकर उभरी है।




