
दैनिक राजस्थान समाचार आसींद संवाददाता विजयपाल सिंह राठौड़
आसींद (भीलवाड़ा)। राजस्थान के संविदा कर्मियों ने अपनी मांगों को लेकर प्रदेश स्तर पर मोर्चा खोल दिया है। इसी क्रम में ‘ऑल राजस्थान एन.एच.एम प्रबंधकीय महासंघ’ के बैनर तले कर्मचारियों ने आसींद-हुरड़ा विधायक जब्बर सिंह सांखला को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा।
प्रमुख मांगें और नाराजगी
ज्ञापन में बताया गया कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के अंतर्गत 4518 पदों पर कार्यरत संविदा कर्मियों को ‘राजस्थान कॉन्ट्रैक्चुअल हायरिंग टू सिविल पोस्ट रूल्स 2022’ के तहत नियमित करने की प्रक्रिया लंबित है।
कर्मचारियों ने निम्नलिखित दो मुख्य मांगें प्रमुखता से उठाई हैं:
नियमितीकरण: पात्र कार्मिकों को जल्द से जल्द नियमित कर सरकारी सेवा का लाभ दिया जाए।
RGHS सुविधा: कर्मचारियों के लिए राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम (RGHS) का लाभ तुरंत शुरू किया जाए।
”15-20 साल सेवा में खपाए, अब भी भविष्य असुरक्षित”
विधायक को ज्ञापन सौंपते हुए संघ के पदाधिकारियों ने पीड़ा व्यक्त की कि उन्होंने अपने जीवन के 18 से 20 वर्ष विभाग को समर्पित कर दिए हैं, लेकिन आज भी वे सामाजिक सुरक्षा और लाभों से वंचित हैं। संघ ने बताया कि सीएसआर (CSR) रूल्स में आए 3 वर्ष से अधिक समय बीत जाने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है, जिससे कर्मचारियों में भारी रोष है।
5 दिन का अल्टीमेटम
महासंघ ने चेतावनी दी है कि यदि आगामी 5 दिवस के भीतर राज्य सरकार ने कोई ठोस निर्णय नहीं लिया या सकारात्मक वार्ता नहीं की, तो प्रदेश भर के कर्मचारी राज्यव्यापी आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
इस दौरान संघ के विजयपाल सिंह, जाकिर हुसैन आसिफ अहमद शेख प्रह्लाद खटीक, मुकेश डांगी और अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे। विधायक सांखला ने कर्मचारियों की मांगों को सुना और उचित स्तर पर पैरवी करने का आश्वासन दिया।




