
दैनिक राजस्थान समाचार न्यूज संवाददाता प्रदीप कुमार शर्मा गढटकनेत -अजीतगढ़ करीब छः महीने पहले ही अजीतगढ़ नगरपालिका प्रशासन और पुलिस प्रशासन ने संयुक्त कार्रवाई कर शाहपुरा -नीमकाथाना, अजीतगढ़ -चौंमू और अजीतगढ़ -श्रीमाधोपुर सड़क मार्गों से अतिक्रमण हटाया था।कुछ समय तक यातायात सुचारू रहा , लेकिन व्यापारियों,होटल संचालकों और फल-सब्जी विक्रेताओं ने फिर से सड़क सीमाओं पर कब्जा कर अतिक्रमण शुरू कर दिया है।जीप और निजी बसें भी सड़क पर ही खड़ी होकर सवारियां चढ़ाने -उतारने का काम करती हैं जिससे आए दिन जाम की परेशानी होती रहती है। अजीतगढ़ कस्बे के तीनों मुख्य सड़क मार्गों और बस स्टैंड से बाजार जाने वाले रास्तों पर अतिक्रमण एक बार फिर से नजर आने लगा है जिससे आवागमन बाधित होता है और आज दिन जाम का सामना करना पड़ता है।ऐसा भी नहीं है कि अजीतगढ़ नगरपालिका प्रशासन को इस समस्या का ध्यान नहीं है , लेकिन वो भी मूक-दर्शक की तरह कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। लोगों का रोष जायज है क्योंकि बाहरी राज्यों से हजारों श्रद्धालु खाटूश्याम दर्शन को आते हैं , उन्हें भारी परेशानी उठानी पड़ती है। मुख्य बस स्टैंड से न्यू मार्केट जाने वाले रास्ते पर बनी नालियों तक पर सामान रख-रखकर दुकानदारों ने अपना आधिपत्य जमाना शुरू कर रखा है।रही-सही कसर ग्राहक पूरी कर देते हैं ,वो भी अपने -अपने वाहनों को खड़ा करके इधर-उधर खरीदारी में लग जाते हैं । इन्हीं वजहों से रास्ता संकरा हो जाता है और आवागमन में दिक्कतें पेश आनी शुरू हो जाती हैं। एक महीने बाद फरवरी में खाटूश्यामजी का बड़ा वार्षिक मेला भी आने वाला है। श्रद्धालुओं की सम्भावित भारी भीड़-भाड़ को देखते हुए कस्बेवासियों की मांग है कि समय रहते ही बढ़ते हुए इस अतिक्रमण पर अंकुश लगाया जाए वरना वही पहले वाली परिस्थितियों से रुबरु होना पड़ेगा। नगरपालिका अजीतगढ़ के कनिष्ठ अभियंता रतनलाल गुर्जर के अनुसार शीघ्र ही अतिक्रमण चिन्हित कर कार्रवाई करने का आश्वासन पूरा होना चाहिए।




